बलवाड़ा अस्पताल में स्थायी 108 एम्बुलेंस की मांग, जनहित में ज्ञापन
बलवाड़ा शासकीय अस्पताल में 108 एम्बुलेंस की अनुपलब्धता पर क्षेत्रवासियों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, गंभीर मरीजों व घायलों को हो रही परेशानी।

द क्लिफ न्यूज़ | खरगोन | 21 जुलाई 2026
मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में बलवाड़ा शासकीय अस्पताल में 108 एम्बुलेंस सेवा की स्थायी अनुपलब्धता ने क्षेत्रवासियों की चिंता बढ़ा दी है। अस्पताल में पिछले कई महीनों से एम्बुलेंस की कमी के चलते गंभीर रूप से बीमार मरीजों और सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों को समय पर उपचार के लिए दूसरे अस्पतालों तक पहुंचाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या को देखते हुए प्रेस क्लब बलवाड़ा ने कलेक्टर खरगोन के नाम एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें अस्पताल में तत्काल स्थायी 108 एम्बुलेंस उपलब्ध कराने की मांग की गई है।
ज्ञापन में स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि एम्बुलेंस के अभाव में कई गंभीर मरीजों की जान को भी खतरा उत्पन्न हो गया है। बलवाड़ा क्षेत्र में दो लोगों की असमय मृत्यु की घटना इसी ओर इशारा करती है, जहां एम्बुलेंस समय पर उपलब्ध नहीं हो सकी। इन मौतों के विरोध में स्थानीय लोगों ने पूर्व में इंदौर-इच्छापुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्का जाम कर प्रदर्शन भी किया था। उस दौरान प्रशासन ने शीघ्र एम्बुलेंस उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक अस्पताल में स्थायी रूप से 108 एम्बुलेंस की व्यवस्था नहीं की गई है।
आवश्यकता और मांगें
क्षेत्रवासियों के अनुसार, बलवाड़ा एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए शासकीय अस्पताल पहुंचते हैं। इसके अतिरिक्त, इंदौर-इच्छापुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर आए दिन सड़क दुर्घटनाएं होती रहती हैं। ऐसी स्थिति में, बलवाड़ा शासकीय अस्पताल में 24 घंटे 108 एम्बुलेंस की उपलब्धता अत्यंत आवश्यक हो जाती है। जनहित को सर्वोपरि रखते हुए, ज्ञापन के माध्यम से कलेक्टर से मांग की गई है कि तत्काल स्थायी आधार पर 108 एम्बुलेंस की व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में किसी भी मरीज को समय पर चिकित्सा सुविधा मिल सके और अनमोल जिंदगियों को बचाया जा सके।
इस ज्ञापन की प्रतिलिपि अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) बड़वाह, एसडीओपी बड़वाह, तहसीलदार बड़वाह, थाना प्रभारी बलवाड़ा और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, जिला खरगोन को भी प्रेषित की गई है, ताकि इस मामले में त्वरित कार्रवाई हो सके।
