बलरामपुर में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना: 67 जोड़ों ने लिए सात फेरे, ₹1 लाख की सहायता
उत्तर प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत बलरामपुर में 67 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों...

द क्लिफ न्यूज़ | बलरामपुर | 25 जुलाई 2026
उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत बलरामपुर जिले में एक भव्य समारोह में 67 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ। सदर तहसील के माया होटल में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के लिए सम्मानजनक विवाह सुनिश्चित करना था। इस पहल के तहत नवविवाहित जोड़ों को ₹1 लाख तक की वित्तीय सहायता और उपहार सामग्री प्रदान की गई, जिससे जरूरतमंद परिवारों को संबल मिला है।
समारोह में कुल 67 जोड़ों ने एक-दूसरे का हाथ थामा। इनमें 44 जोड़ों का विवाह हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हुआ, वहीं 23 जोड़ों का निकाह मुस्लिम परंपराओं के अनुरूप संपन्न कराया गया। इस आयोजन ने सामाजिक समरसता और सौहार्द का एक उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया, जहां विभिन्न धर्मों के जोड़े एक साथ विवाह के बंधन में बंधे। नवदंपतियों और उनके परिजनों के चेहरों पर नए जीवन की शुरुआत का उत्साह साफ झलक रहा था।
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की उपस्थिति
इस गरिमामय समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी शिरकत की। विधायक सदर पलटूराम, विधायक तुलसीपुर कैलाश नाथ शुक्ला, जिला पंचायत अध्यक्ष आरती शुक्ला, नगर पालिका परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि, विकास खंड बलरामपुर ब्लॉक प्रमुख, मुख्य विकास अधिकारी हिमांशु गुप्ता, जिला विकास अधिकारी कमलेश सोनी, जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. राहुल गुप्ता, और जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी यशवंत मौर्या सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
अतिथियों ने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया और उनके सुखद, समृद्ध एवं मंगलमय दांपत्य जीवन की कामना की। उन्होंने मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना की सराहना करते हुए कहा कि यह योजना न केवल आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को अपनी बेटियों के विवाह का अवसर प्रदान करती है, बल्कि समाज में समानता और सामाजिक सद्भाव को भी मजबूत करती है।
योजना के लाभ और वित्तीय सहायता
विधायक सदर पलटूराम ने इस योजना को प्रदेश सरकार की एक महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा और जनकल्याणकारी पहल बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रति जोड़े दी जाने वाली सहायता राशि को बढ़ाकर ₹1,00,000 कर दिया गया है, जो गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए अत्यंत लाभकारी है। इस राशि में से ₹64,000 सीधे कन्या के बैंक खाते में भेजे जाते हैं, ₹21,000 की उपहार सामग्री नवदंपति को दी जाती है, और ₹15,000 विवाह समारोह के आयोजन तथा अन्य व्यवस्थाओं पर व्यय किए जाते हैं।
समारोह स्थल को आकर्षक रूप से सजाया गया था और नवदंपतियों व उनके परिजनों के लिए भोजन, पेयजल तथा बैठने की समुचित व्यवस्था की गई थी। विवाह और निकाह की सभी रस्में गरिमापूर्ण एवं उत्सवपूर्ण वातावरण में संपन्न हुईं, जिससे पूरे आयोजन में सामाजिक समरसता और उत्सव का एक अनूठा माहौल बना रहा।
