50 लाख+ निर्माण कार्यों की समीक्षा, डीएम ने दिए गुणवत्तापूर्ण काम के निर्देश
फर्रुखाबाद: जिलाधिकारी ने 50 लाख रुपये से अधिक लागत के निर्माण कार्यों की समीक्षा की। गुणवत्ता और समय-सीमा पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए, साथ ही धीमी प्रगति वाली परियोजनाओं में तेजी लाने को कहा गया।

द क्लिफ न्यूज़ | फर्रुखाबाद | 14 अगस्त 2026
फर्रुखाबाद में जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार, फतेहगढ़ में 50 लाख रुपये एवं उससे अधिक लागत के निर्माण कार्यों (सड़कों को छोड़कर) की प्रगति की गहन समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जनपद में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित महत्वपूर्ण परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति का जायजा लेना और उनके सुचारू निष्पादन को सुनिश्चित करना था।
बैठक के दौरान, जिलाधिकारी ने विभागवार एवं परियोजनावार निर्माण कार्यों की प्रगति, पूर्णता की स्थिति और कार्य में आ रही बाधाओं की विस्तृत जानकारी संबंधित अधिकारियों एवं कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधियों से प्राप्त की। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए। गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
गुणवत्ता और समय-सीमा पर जोर
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे नियमित रूप से स्थलीय निरीक्षण कर कार्य की गुणवत्ता और प्रगति का सत्यापन करें। जिन परियोजनाओं में कार्य की गति धीमी है, उनमें आवश्यक कदम उठाते हुए तेजी लाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने चेतावनी दी कि निर्माण कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब पाए जाने पर संबंधित अधिकारी या संस्था की जवाबदेही तय की जाएगी। लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने तथा पूर्ण हो चुके कार्यों को नियमानुसार संबंधित विभागों को हस्तांतरित करने के आदेश भी दिए गए।
पारदर्शिता और समन्वय के निर्देश
कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिया गया कि वे निर्माण कार्यों की प्रगति की नियमित रिपोर्ट प्रस्तुत करें और कार्यों की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखें। संबंधित विभागीय अधिकारियों से अपेक्षा की गई कि वे आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि परियोजनाओं को निर्धारित समय में पूरा किया जा सके।
अन्य योजनाओं की रैंकिंग में सुधार की अपेक्षा
बैठक में सी0एम0 डैशबोर्ड पर प्रदर्शित विभिन्न योजनाओं, जैसे पी0एम0 सूर्यघर योजना, 108 एवं 102 एम्बुलेंस संचालन, जिला चिकित्सालय सी0टी0 मशीन क्रियाशीलता, अण्डा उत्पादन, गौवंश सुपुर्दगी, मत्स्य उत्पादन, निराश्रित महिला पेंशन एवं वृद्धावस्था पेंशन की रैंकिंग में सुधार लाने पर भी जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि यदि इन रैंकिंग में सुधार नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
इस समीक्षा बैठक में प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी राजीव कुमार, जिला विकास अधिकारी श्याम कुमार तिवारी, परियोजना निदेशक डीआरडीए कपिल कुमार, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी वीरेंद्र कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
