भोपाल में शिक्षा का नया अध्याय: तीन संदीपनि स्कूलों को जनवरी तक मिलेंगे ₹30 करोड़ के अत्याधुनिक भवन, एआई लैब और खेल सुविधाओं से होंगे सुसज्जित
भोपाल जिले के तीन संदीपनि स्कूल — बर्रई, करोंद और बेरसिया — नए साल में अपने अत्याधुनिक भवनों में शिफ्ट होंगे। ₹30 करोड़ की लागत...

भोपाल जिले के तीन संदीपनि स्कूल — बर्रई, करोंद और बेरसिया — नए साल में अपने अत्याधुनिक भवनों में शिफ्ट होंगे। ₹30 करोड़ की लागत से बन रहे ये स्कूल न केवल आधुनिक कक्षाओं से लैस होंगे, बल्कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस लैब और खेल सुविधाएं भी छात्रों को नई दिशा देंगी।
🎓 दिसंबर तक पूरा होगा निर्माण, जनवरी में छात्रों को मिलेगा नया कैंपस
भोपाल जिले में संचालित तीन संदीपनि स्कूलों का लंबे समय से इंतजार खत्म होने जा रहा है। बर्रई, करोंद और बेरसिया में बन रहे इन स्कूलों के नए भवनों का निर्माण अंतिम चरण में है और शिक्षा विभाग को जनवरी 2026 तक हस्तांतरित कर दिया जाएगा।
जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के अनुसार, प्रत्येक भवन पर लगभग ₹30 करोड़ खर्च किए जा रहे हैं। अभी केवल विद्युत व जलापूर्ति लाइनों की फिटिंग का कार्य शेष है।
🏫 हर भवन में 45 कमरे, विज्ञान से लेकर एआई लैब तक सभी सुविधाएं
इन तीनों नए स्कूल भवनों में 40 से 45 आधुनिक कक्षाएं होंगी। साथ ही, भौतिकी, रसायन, जीवविज्ञान और कंप्यूटर विज्ञान के लिए अलग-अलग प्रयोगशालाएं स्थापित की जा रही हैं।
सबसे खास बात यह है कि हर स्कूल में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) लैब भी बनाई जा रही है, जो विद्यार्थियों को डिजिटल तकनीक और भविष्य की शिक्षा प्रणाली से जोड़ने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।
⚽ खेल और सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए समर्पित क्षेत्र
नए भवनों में छात्रों के सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखते हुए इनडोर और आउटडोर खेलों की भी पूरी व्यवस्था की गई है। फुटबॉल, बैडमिंटन, कबड्डी जैसे खेलों के लिए मैदान और मल्टीपरपज़ हॉल बनाए जा रहे हैं।
स्कूल प्रबंधन के अनुसार, इन सुविधाओं से विद्यार्थियों में प्रतिस्पर्धात्मक भावना और टीमवर्क दोनों को प्रोत्साहन मिलेगा।
👩🏫 1000 से अधिक विद्यार्थी करेंगे लाभान्वित
वर्तमान में तीनों संदीपनि स्कूलों में प्रत्येक में एक हजार से अधिक छात्र अध्ययनरत हैं। अभी ये स्कूल अस्थायी भवनों से संचालित हो रहे हैं। नए कैंपस के तैयार होने से छात्रों को न केवल बेहतर शिक्षण वातावरण मिलेगा बल्कि प्रयोगात्मक और तकनीकी शिक्षा में भी सुधार होगा।
💬 शिक्षा विभाग की प्रतिक्रिया
जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने बताया कि, “संदीपनि स्कूलों के नए भवनों का उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ आधुनिक संसाधनों तक विद्यार्थियों की पहुंच बढ़ाना है। एआई लैब जैसी सुविधाएं बच्चों को भविष्य की तकनीकी चुनौतियों के लिए तैयार करेंगी।”
📈 क्यों है यह पहल महत्वपूर्ण
संदीपनि स्कूल योजना राज्य सरकार की उस पहल का हिस्सा है जिसका उद्देश्य सरकारी शिक्षा संस्थानों को आधुनिक और तकनीकी दृष्टि से सक्षम बनाना है।
विशेषज्ञों के अनुसार, सरकारी स्कूलों में एआई लैब की स्थापना न केवल शहरी क्षेत्रों के छात्रों को बल्कि ग्रामीण विद्यार्थियों को भी डिजिटल युग से जोड़ने की दिशा में अहम कदम है।
