धूम्रपान निषेध दिवस पर हैदराबाद का धूम्रपान मुक्त जीवन पर ध्यान
हैदराबाद में धूम्रपान निषेध दिवस पर जागरूकता बढ़ाई गई। तंबाकू के खतरे बताए गए और धूम्रपान छोड़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया।

मुख्य बातें:
- क्या हुआ: प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी) हैदराबाद ने 'धूम्रपान निषेध दिवस' पर 'वार्ता' मीडिया संवाद का आयोजन किया।
- यह क्यों महत्वपूर्ण है: इस कार्यक्रम का उद्देश्य तंबाकू के उपयोग के खतरों के बारे में जागरूकता बढ़ाना और धूम्रपान छोड़ने के लिए प्रोत्साहित करना था।
- लोगों के लिए क्या बदलाव: धूम्रपान मुक्त जीवन शैली को बढ़ावा देना और व्यक्तियों को धूम्रपान छोड़ने के लिए प्रोत्साहित करना।
- कौन प्रभावित है: आम जनता, मीडिया और सार्वजनिक स्वास्थ्य पहलों में शामिल संगठन प्रभावित हैं।
पीआईबी हैदराबाद ने धूम्रपान मुक्त जीवन को बढ़ावा दिया
प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी), हैदराबाद ने कल सीजीओ टावर्स, हैदराबाद में 'वार्ता' मीडिया संवाद सत्र का आयोजन किया। यह कार्यक्रम 'धूम्रपान निषेध दिवस' के साथ हुआ। विषय था "धूम्रपान मुक्त जीवन की शुरुआत धूम्रपान मुक्त दिन से होती है।" इसका मुख्य उद्देश्य तंबाकू के हानिकारक प्रभावों के बारे में जागरूकता बढ़ाना था।
मुख्य वक्ताओं ने जागरूकता के महत्व पर प्रकाश डाला
श्रीमती श्रुति पाटिल, अपर महानिदेशक, पीआईबी हैदराबाद ने सत्र का उद्घाटन किया। उन्होंने जागरूकता और सामूहिक कार्रवाई के महत्व पर जोर दिया। पाटिल ने मीडिया से तंबाकू मुक्त समाज को सक्रिय रूप से बढ़ावा देने का भी आग्रह किया।
डॉ. मानस कृष्णकांत, उप निदेशक, पीआईबी हैदराबाद ने 'धूम्रपान निषेध दिवस' के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि 'वार्ता' का उद्देश्य पत्रकारों को तंबाकू के खतरों के बारे में शिक्षित करना है। उन्होंने मीडिया से अभियान की पहुंच को बढ़ाने का अनुरोध किया। लक्ष्य भारत को धूम्रपान मुक्त राष्ट्र बनाने में मदद करना है।
तंबाकू नियंत्रण में मीडिया की भूमिका
जितेन्द्र, आईईसी अधिकारी ने 'धूम्रपान निषेध दिवस' अभियानों को आगे बढ़ाने में मीडिया की भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने निष्क्रिय धूम्रपान के खतरों पर ध्यान दिया, यह बताते हुए कि यह सक्रिय धूम्रपान जितना ही हानिकारक है। उन्होंने सूचना के प्रसार में मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका को दोहराया। इसमें जनता को हानिकारक प्रभावों और निवारक उपायों के बारे में शिक्षित करना शामिल है।
कार्यक्रम में प्रतिभागी
इस कार्यक्रम में कई प्रमुख हस्तियों ने भाग लिया। डॉ. जी. श्रीगाना (डब्ल्यूएचओ कंसल्टेंट), जितेन्द्र (आईईसी अधिकारी), और रघुनंदन माचना (तंबाकू नियंत्रण हीरो अवार्डी) उपस्थित थे। पीआईबी, सीबीसी और अन्य संगठनों के वरिष्ठ पत्रकार, अधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद थे।
आगे क्या देखें
पीआईबी हैदराबाद से तंबाकू के उपयोग पर अपने जन जागरूकता अभियान जारी रखने की उम्मीद है। धूम्रपान मुक्त भारत को बढ़ावा देने के लिए आगे की पहल और मीडिया संवाद होने की संभावना है।
