गोविंदपुरा के बरखेड़ा पठानी में एटीएम उखाड़ने की नाकाम कोशिश, सीसीटीवी में तीन नकाबपोश कैद
भोपाल के गोविंदपुरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बरखेड़ा पठानी में शनिवार तड़के एक राष्ट्रीयकृत बैंक के एटीएम को उखाड़कर चोरी करने की कोशिश की गई। तीन...

भोपाल के गोविंदपुरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बरखेड़ा पठानी में शनिवार तड़के एक राष्ट्रीयकृत बैंक के एटीएम को उखाड़कर चोरी करने की कोशिश की गई। तीन अज्ञात बदमाशों ने करीब 20 मिनट तक मशीन को नुकसान पहुंचाया, लेकिन भारी वजन के कारण वे एटीएम ले जाने में असफल रहे। पुलिस के अनुसार, कैश बॉक्स सुरक्षित रहा और घटना सीसीटीवी में रिकॉर्ड हुई है।
क्या हुआ, कब और कहां
पुलिस के मुताबिक घटना रात लगभग 3 बजे की है। सूचना मिलते ही गश्ती दल मौके पर पहुंचा, जहां एटीएम बुरी तरह क्षतिग्रस्त मिला। ऊपरी ढांचा तोड़ दिया गया था, लेकिन अंदर का कैश बॉक्स नहीं खुल सका। एटीएम में शुक्रवार रात कैश डाला गया था और उसमें करीब ₹3 लाख होने की जानकारी सामने आई है।
सीसीटीवी से अहम सुराग
एटीएम कियोस्क के कैमरों में तीन नकाबपोश युवक हुडी पहनकर भीतर दाखिल होते दिखे। वे लोहे की रॉड और हथौड़ों से मशीन पर वार करते रहे। फुटेज में बाहर खड़ी एक सफेद कार भी नजर आती है, जिससे उनके आने-जाने की आशंका है। पुलिस ने वीडियो को फॉरेंसिक विश्लेषण के लिए सुरक्षित किया है।
पुलिस और बैंक की प्रतिक्रिया
गोविंदपुरा थाना प्रभारी आवधेश सिंह तोमर ने बताया कि सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंची और सुरक्षा तैनात की गई। बाद में बैंक प्रबंधन को सूचित किया गया। एटीएम मेंटेनेंस एजेंसी के तकनीशियन किशोर सिंह ने थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर चोरी के प्रयास और तोड़फोड़ का मामला पंजीबद्ध किया गया है।
क्यों नहीं हो पाई चोरी
जांच में सामने आया है कि आरोपी कैश बॉक्स तक पहुंच नहीं पाए। इसके बाद उन्होंने क्षतिग्रस्त एटीएम को कार में लादने की कोशिश की, लेकिन मशीन का वजन ज्यादा होने से वे योजना छोड़कर फरार हो गए। पुलिस का आकलन है कि आरोपी पेशेवर गिरोह से जुड़े नहीं लगते, हालांकि सभी पहलुओं की जांच जारी है।
सुरक्षा पर सवाल और व्यापक संदर्भ
यह घटना शहर के रिहायशी इलाकों में एटीएम सुरक्षा की चुनौती को रेखांकित करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि अकेले खड़े एटीएम पर रात्री गश्त, बेहतर लाइटिंग, शटर/ग्रिल, और रियल-टाइम अलर्ट सिस्टम जैसे उपाय जरूरी हैं। बैंकिंग सेक्टर में बढ़ती डिजिटल निगरानी के बावजूद जमीनी सुरक्षा में चूक अपराधियों को अवसर दे सकती है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस सीसीटीवी फुटेज, वाहन पहचान और इलाके के कैमरों से मूवमेंट ट्रेस कर रही है। संदिग्धों की पहचान होते ही गिरफ्तारी की कार्रवाई तेज की जाएगी। बैंक और एटीएम ऑपरेटर से सुरक्षा मानकों की समीक्षा भी कराई जा रही है।
